
Self-improvement (1)
The perfecting of one’s self is the fundamental baseof all progress and all moral development. — Confucius आत्मसुधार (१) सभी प्रगति और सभी नैतिक विकास
विषय सूची (लिंक्स के साथ) अध्याय १ अध्याय २ अध्याय ३ अध्याय ४ अध्याय ५ अध्याय ६ अध्याय ७ अध्याय ८ अध्याय ९ अध्याय १०..
इस प्रस्तुति में हम आपके सामने एक ऐसी जुझारू महानारी की कथा पेश करने जा रहे हैं जिन्होने अपने समय, समाज और आर्थिक स्थिति की..
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डॉ. नीलिमा कडाम्बी पेशे से एक सर्जन और स्वास्थ्यरक्षक हैं । जनकल्याण और समग्रस्वस्थता से जुड़ाव इनका केवल पेशा ही नहीं, बल्कि जुनून है ।..
डॉ. कुसुम बाँठिया दिल्ली में कॉलेजों तथा विश्वविद्यालय में तीस वर्ष तक हिन्दी भाषा तथा साहित्य का प्राध्यापन करने के बाद सेवानिवृत्त हुई हैं ।..
व्यक्तिगत घटनाएँ जुड़ी वैश्विक घटनाएँ ७ मई १८९७अकुबाई चिटणीस का जन्म २१ जून १८९९ गोपालराव (आज़ोबा) का जन्म २१ जून..
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अनुवाद मेरा शौक़ — मेरी हॉबी है । मैं केवल छपने के लिए ही नहीं, मन बहलाने के लिए भी अनुवाद करती रही हूँ ।..
चैन की नींद मेरा सब कुछ लेले, बस चैन की नींद का रहम कर दौलत में चैन नहीं, इज़्ज़त में चैन नहीं रस्मों में चैन..
तो मज़ा नहीं गर ज़िंदगी में ग़म ही ग़मआँखें नम ही नम होंतो मज़ा नहीं ग़र ज़िन्दगी में मौजां इ मौजां होंहोठों पर मुस्कान ही..
पानी केरा बुदबुदा, अस मानुस की जात । // दुख में सुमिरन सब करैं, सुख में करै न कोय । कबीर संत कहे जाते हैं,..
प्रेम न बारी ऊपजै, प्रेम न हाट बिकाय । ////// जो घट प्रेम न संचरै, सो घट जानि मसान । कबीरदासजी संत कहे जाते हैं,..
जिनके नौबति बाजती, मैंगल बँधते बारि । ///// मैं मैं बड़ी बलाइ है, सकै तो निकसे भाजि । कबीरदासजी संत कहे जाते हैं, पर इनके..

The perfecting of one’s self is the fundamental baseof all progress and all moral development. — Confucius आत्मसुधार (१) सभी प्रगति और सभी नैतिक विकास

साँच बराबर तप नहीं, झूठ बराबर पाप । ///// आवत गारी एक है , उलटत होय अनेक । कबीर संत कहे जाते हैं, पर इनके
मन के पागलपन को देखो चंचल है यह नादां ऐसे मंदिर में पूजा में बैठा, बुनता है यह सपने कैसे महल बने इक सुंदर मेरा,